दो
हजार साल पहले रोम साम्राज्य बहुत से देशों तक फैला हुआ था । आज हम जीस
केलेन्डर का उपयोग करते हैं वो रोमनो की देन है । जुलाई महिने का नाम राजा
जुलियस सिजर के नाम से रखा गया था और ओगस्ट महिने का नाम राजा ओगस्टस के
नाम से । केलेन्डर का नाम ‘जुलियन’ था । इजराइल के यहुदियों की फरियाद पर
इसा को क्रोस पर लटका दिया गया था उसका सारा दोष रोमनो के सिर पर डाला गया
और फरियाद करनेवाले यहुदियों को भूला दिया गया, क्योंकि इजराईल पर रोमनो का
राज था । रोम को जलाकर जब इसाइयोंने रोम पर कबजा किया तो जुलियन केलेन्डर
को अपना लिया । केलेन्डर में थोडी भूल थी तो ग्रेगोरी नाम के इसाई पादरीने
उसमे थोडा सुधार किया और इसाके जन्म के साथ जोड दिया तो केलेन्डर का नाम
ग्रेगोरियन कैलेंडर हो गया ।
आज पूरी दुनिया में ओगस्ट महिने का
नाम चल रहा है तो एक विचार जरूर आएगा कि वो राजा ओगस्टस कितना प्रभावशाली
रहा होगा । लेकिन ऐसा बिलकुल नही था । बेबस और हताश राजा था । अपनी ही
प्रजा की जीवन शैली से नाखूश था । सतत चिंता में डूबा रहता था । एक बार
उसने स्टेडियम में एक महासभा बूलाई । दुःखी होकर, क्रोध भरे स्वर में भाषण
देने लगा । उसने एक बडी उमर के आदमी की तरफ उंगली कर के पूछा, क्या तुझे
विश्वास है कि तुम जीसे अपना बेटा मानते हो वो हकिकत में तुम्हारा ही बेटा
है? एक युवा की तरफ उंगली कर पूछा, क्या तुझे विश्वास है कि तुम जीसे अपना
बाप समजते हो वो हकिकत में तुम्हारा ही बाप है?
रोम में ऍडल्टरी
इतनी बढ गई थी कि कोइ यकीन से नही कह सकता था कि बाप या बेटा असली है या
नकली । इसलिए राजा ऐसे सवाल करने के लिए मजबूर हो गया था । विलासिता में
डूबी रोम की प्रजाने धर्म और राज्य के नैतिक नियमों को मानना छोड दिया था
इसलिए राजा क्रोधित हो गया था ।
आज युरोप अमरिका में रोमनो वाली
जीवन शैली छाई हुई है । चिंता करनेवाला कोइ ऑगस्टस नही है । शैतानो का राज
है तो धार्मिक, सामाजिक नीतिनियम को तो भूल ही जाओ, उपर से ऍडटरी बढाने के
लिए पोर्न इन्डस्ट्रीको प्रोत्साहन दिया जा रहा है ।
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अमरिका
के सैन एंटोनियो के इस फोटोवाले बच्चे को उसकी मां के १९ साल के प्रेमी
लांस तेलो जूनियर ने गोली मारी है । एक महीने का यह बच्चा जिंदगी के लिए
संघर्ष कर रहा है । एक सप्ताह पहले इस मासूम को गोली मार दी गई थी । बेबी
अरमानी (Baby Armani) को शनिवार की सुबह यूनिवर्सिटी हॉस्पिटल की गहन
देखभाल में रखा गया है । बच्चे का जन्म 25 फरवरी को हुआ था । बेबी अरमानी
की हालत गंभीर बताई गई है । उसके फेफड़े घायल हैं और उसे सांस लेने में
दिक्कत हो रही है । उसके मस्तिष्क को क्षति पहुंची है ।
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उसकी निर्लज्ज मां का स्टेटमेन्ट
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अरमानी की मां डेजी डेलक्रूज ने कहा, “यह एक बुरा सपना है । मेरा बेटा
यहां था और अब वह मेरे पास नहीं है । मैं उस पर बहुत गुस्सा थी और फिर मेरा
गुस्सा दुख में बदल गया, क्योंकि मैं उससे प्यार करती थी और मुझे लगा कि
वह मुझसे और मेरे बेटे से प्यार करता है । मैं चार महीने की गर्भवती थीं,
तब हमने डेटिंग शुरू की थी । हालांकि वह अरमानी का जैविक पिता नहीं था,
लेकिन तेलो ने बच्चे के पिता की तरह ही काम किया था । उसने भावुक होते हुए
कहा कि वह इसे अपना चमत्कारिक बच्चा मानती है । जब मैंने उसे देखा, तो मुझे
उससे एकदम प्यार हो गया । मुझे बताया गया था कि मैं मां नहीं बन सकूंगी,
इसलिए जब मुझे पता चला कि मैं गर्भवती हूं, तो यह एक चमत्कार जैसा था।"
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ऐसे स्टेटमेन्ट से नही लगता कि ऍडल्टरी आज नोर्मल चीज बन गई है?
गणित के विभिन्न क्षेत्रों में भारत का योगदान प्राचीनकाल तथा मध्यकाल के भारतीय गणितज्ञों द्वारा गणित के क्षेत्र में किये गये कुछ प्रमुख योगदान नीचे दिये गये हैं- आंकगणित : दाशमिक प्रणाली (Decimal system), ऋण संख्याएँ (Negative numbers) (ब्रह्मगुप्त देखें), शून्य (हिन्दू अंक प्रणाली देखें), द्विक संख्या प्रणाली (Binary numeral system), स्थानीय मान पर आधारित संख्या आधुनिक संख्या निरूपण, फ्लोटिंग पॉइंट संख्याएँ (केरलीय गणित सम्प्रदाय देखें), संख्या सिद्धान्त , अनन्त (Infinity) (यजुर्वेद देखें), टांसफाइनाइट संख्याएँ (Transfinite numbers), अपरिमेय संख्याएँ (शुल्बसूत्र देखें) भूमिति अर्थात भूमि मापन का शास्त्र : वर्गमूल (see Bakhshali approximation), Cube roots (see Mahavira), Pythagorean triples (see Sulba Sutras; Baudhayana and Apastamba state the Pythagorean theorem without proof), Transformation (see Panini), Pascal's triangle (see Pingala) बीजगणित: Quadratic equations (see Sulba Sutras, Aryabhata, and Brahmagupta), Cubic equations and Quartic equations (b...
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