पाकिस्तान के अलग-अलग शहरों में रहने वाले 3 नागरिक 100 बच्चों के बाप हैं। ये खुलासा पाकिस्तान में 19 साल बाद जनसंख्या के लिए हो रहे सर्वेक्षण में सामने आया है। इनमें दो व्यक्ति आपस में भाई हैं जिनमें से एक की उम्र 70 साल से अधिक हैं। दूसरे भाई की उम्र 57 साल है।
पहले भाई की हैं तीन बीवी और 22 बच्चे
एएफपी के मुताबिक, उत्तरी वजीरीस्तान के कबाली जिले में रहने वाले 70 साल के मस्तान वजीर खान की तीन शादियां हुई है और इनके 22 बच्चे हैं। बर्तन बेचने का कारोबार करने वाले खान ने कहा कि उनके नातियों की संख्या इससे ज्यादा है।
खान के 15 भाईयों में शुमार गुलजार खान के भी तीन बीवी और 36 बच्चे हैं। फैमिली प्लानिंग पर गुलजार ने कहा कि इस्लाम में इसका निषेध है। जब अल्लाह ने संसार को बनाया है तो मैं क्यों किसी को जन्म न दूं?
वहीं क्वेटा के रहने वाले जान मुहम्मद के 38 बच्चे हैं और इनका टार्गेट 100 बच्चे पैदा करने का है, जिसके लिए वो चौथी बीवी को ढूंढ रहे हैं। इसके लिए कोई महिला राजी नहीं हुई है, लेकिन उनकी कोशिश खत्म नहीं हुई है। जान ने कहा कि जितने मुसलमान पैदा होंगे, उससे इसके दुशमन डरेंगे। मुसलमानों को ज्यादा से ज्यादा बच्चे पैदा करना चाहिए।
महिलाओं को गर्भवती करने में रखते हैं 18 महीनों का अंतर
हालांकि पुरुष अपनी बीवीयों को गर्भवती करने में 18 महीने का अंतर रखते हैं, जिससे उन्हें बच्चा पैदा करने के बाद पूरा आराम मिल सके। हालांकि महिलाओं को भी परिवार नियोजन करने का अधिकार नहीं है। अगर कोई महिला ऐसा करने की कोशिश करती है तो उसका पति ही सबसे पहले विरोध करता है।
परिवार नियोजन नहीं होने से विशेषज्ञों में हैं चिंता
पूरे पाकिस्तान में नागरिकों द्वारा परिवार नियोजन के साधनों का इस्तेमाल नहीं होने से इस मामले पर काम कर रहे विशेषज्ञों में काफी चिंता है। 19 सालों में पहली बार किए जा रहे इस जनसंख्या सर्वेक्षण में ज्यादातर कबिलाई इलाकों में ऐसे कई लोग पाएं गए हैं जिनके 10 से अधिक बच्चे हैं।
पहले भाई की हैं तीन बीवी और 22 बच्चे
एएफपी के मुताबिक, उत्तरी वजीरीस्तान के कबाली जिले में रहने वाले 70 साल के मस्तान वजीर खान की तीन शादियां हुई है और इनके 22 बच्चे हैं। बर्तन बेचने का कारोबार करने वाले खान ने कहा कि उनके नातियों की संख्या इससे ज्यादा है।
खान के 15 भाईयों में शुमार गुलजार खान के भी तीन बीवी और 36 बच्चे हैं। फैमिली प्लानिंग पर गुलजार ने कहा कि इस्लाम में इसका निषेध है। जब अल्लाह ने संसार को बनाया है तो मैं क्यों किसी को जन्म न दूं?
वहीं क्वेटा के रहने वाले जान मुहम्मद के 38 बच्चे हैं और इनका टार्गेट 100 बच्चे पैदा करने का है, जिसके लिए वो चौथी बीवी को ढूंढ रहे हैं। इसके लिए कोई महिला राजी नहीं हुई है, लेकिन उनकी कोशिश खत्म नहीं हुई है। जान ने कहा कि जितने मुसलमान पैदा होंगे, उससे इसके दुशमन डरेंगे। मुसलमानों को ज्यादा से ज्यादा बच्चे पैदा करना चाहिए।
महिलाओं को गर्भवती करने में रखते हैं 18 महीनों का अंतर
हालांकि पुरुष अपनी बीवीयों को गर्भवती करने में 18 महीने का अंतर रखते हैं, जिससे उन्हें बच्चा पैदा करने के बाद पूरा आराम मिल सके। हालांकि महिलाओं को भी परिवार नियोजन करने का अधिकार नहीं है। अगर कोई महिला ऐसा करने की कोशिश करती है तो उसका पति ही सबसे पहले विरोध करता है।
परिवार नियोजन नहीं होने से विशेषज्ञों में हैं चिंता
पूरे पाकिस्तान में नागरिकों द्वारा परिवार नियोजन के साधनों का इस्तेमाल नहीं होने से इस मामले पर काम कर रहे विशेषज्ञों में काफी चिंता है। 19 सालों में पहली बार किए जा रहे इस जनसंख्या सर्वेक्षण में ज्यादातर कबिलाई इलाकों में ऐसे कई लोग पाएं गए हैं जिनके 10 से अधिक बच्चे हैं।

Comments
Post a Comment
अजय कर्मयोगी गुरुकुलम अहमदाबाद